गंगाजल को रोकने के बाद हर की पौड़ी का दृश्य।।

हरिद्वार में गंगा की धार थमते ही लूट! पानी सूखने पर चांदी-सोने और सिक्कों की खोज, 8-8 घंटे तलाश में जुटे लोग

उत्तराखंड के धर्मनगरी हरिद्वार में गंगा की वार्षिक बंदी यानी नहर बंद होने के साथ ही एक बार फिर अनोखा नजारा देखने को मिल रहा है. सूखी गंगनहर और नदी तल में धन संपदा और खजाना ढूंढने वालों की मौज आ गई है. बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और तलाशकर्ता सुबह से शाम तक यानी 8-8 घंटे तक सूखी नहर की रेती और पत्थरों के बीच खोजबीन कर रहे हैं. मान्यता और परंपरा के अनुसार, सालभर देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु मां गंगा में श्रद्धा स्वरूप सिक्के, आभूषण और धातुएं अर्पित करते हैं, जिन्हें तलाशने के लिए यह लोग सालभर इस वार्षिक बंदी का इंतजार करते हैं|